डीएनबी भारत डेस्क
समस्तीपुर समाज में आज भी कई जगह बेटी के जन्म पर मायूसी देखने को मिलती है, लेकिन समस्तीपुर जिले के विभूतिपुर थाना क्षेत्र स्थित वाजिदपुर बम्बैया पंचायत के वार्ड संख्या-14 में एक परिवार ने बेटी के जन्म पर ऐसा जश्न मनाया, जिसने लोगों का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया। परिवार ने नवजात बेटी के स्वागत के लिए न केवल खुशियां मनाईं, बल्कि उसे आकर्षक तरीके से सजाई गई निजी कार से घर लाकर बेटी के प्रति सम्मान और प्रेम का संदेश दिया।
जानकारी के अनुसार, गिरीश कुमार ठाकुर (शिक्षक) एवं संगीता कुमारी (GNM) की पुत्री रश्मि रौशन, पति विवेक ठाकुर, के घर दिनांक 7 अक्टूबर 2026 की रात 11:20 बजे अनुमंडलीय अस्पताल, रोसड़ा में एक बेटी का जन्म हुआ। बेटी के जन्म की खबर मिलते ही परिवार में खुशी की लहर दौड़ गई। अस्पताल में मौजूद लोगों के बीच मिठाइयां बांटकर नवजात के आगमन की खुशी मनाई गई।
सुबह होते ही परिवार ने नवजात बेटी को विशेष रूप से सजाई गई निजी कार से भव्य तरीके से घर लाने की तैयारी की। कार को आकर्षक रूप से सजाया गया था। जब यह कार रास्ते से गुजर रही थी, तो कई लोगों की नजर इस अनोखे नजारे पर पड़ी। लोगों ने उत्सुकतावश वाहन को रोककर नवजात बेटी को आशीर्वाद दिया और कई लोगों ने प्यार स्वरूप चॉकलेट एवं अन्य सामग्री भी भेंट की।
बेटी के जन्म पर परिवार द्वारा मनाए गए इस जश्न की लोगों के बीच काफी चर्चा रही। जहां समाज के कुछ हिस्सों में आज भी बेटी के जन्म को बोझ समझने जैसी सोच देखने को मिलती है, वहीं इस परिवार ने बेटी के आगमन को उत्सव में बदलकर एक सकारात्मक संदेश दिया।
परिवार के सदस्यों का कहना है कि बेटा हो या बेटी, दोनों ही परिवार और समाज के लिए समान रूप से महत्वपूर्ण हैं। बेटी को बोझ या कर्ज समझने वाली सोच को बदलने की जरूरत है। इस पहल के माध्यम से परिवार ने बेटियों के सम्मान, शिक्षा और समान अधिकार का संदेश देने का प्रयास किया है।
नवजात के मामा हरिओम रौशन एवं रविओम रौशन (समुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी) ने भी मामा बनने की खुशी में मिठाइयां बांटीं और बेटी के जन्म पर गर्व व्यक्त किया।
बेटी के स्वागत का यह अनोखा अंदाज क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। परिवार की इस पहल को लोग बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ और बेटियों के सम्मान की भावना से जोड़कर देख रहे हैं। निश्चित रूप से बेटी के जन्म को उत्सव के रूप में मनाने की यह पहल समाज में सकारात्मक बदलाव का संदेश देती है।
समस्तीपुर संवाददाता अफरोज आलम की रिपोर्ट