बरौनी रिफाइनरी के सुपरवाइजर की दर्दनाक मौत, मुआवजे के आश्वासन के बाद 11 घंटे से सड़क पर रखा शव हटाया गया

DNB Bharat Desk

जीरोमाइल ओपी क्षेत्र अंतर्गत फर्टिलाइजर कालोनी गेट के सामने एनएच 32 सड़क पर बीती रात बरौनी रिफाइनरी के शार्प टैंक कंपनी का सुपरवाइजर काम करके अपने बाइक पर सवार होकर नप बीहट वार्ड संख्या 24,टोला मकससपुर निवासी स्व सिधेश्वर सिंह का पुत्र 56 वर्षीय पुत्र मनीष कुमार उर्फ मन्टुन की मौत घटनास्थल पर हो गई ‌। प्राप्त जानकारी अनुसार मृतक मनीष कुमार बाइक से बरौनी रिफाइनरी में  शार्प टैंक कंपनी में काम करने के बाद घर को लौट रहे थे तभी आगे छड लदा ट्रैक्टर जा रहा था।

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ट्रैक्टर चालक द्वारा एकाएक ब्रेक लेने की वजह से पीछे से आ रहे बाइक सवार मनीष कुमार के गले के पास लोहे का छड घूस जाने की वजह से मौत हो गई। घटना की सूचना पाते ही जीरोमाइल ओपी अध्यक्ष मनीष कुमार पण्डित ने दलबल के साथ घटनास्थल पर पहुंच शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम हेतु सदर अस्पताल भेज दिया। वहीं टैक्टर को जब्त कर लिया। पुलिस ने पोस्टमार्टम बाद शव को उनके परिजनों को सौंप दिया। गुरुवार की सुबह पीड़ित परिवार के परिजनों और ग्रामीणों ने मजदूर की मौत के बाद शव को रिफाइनरी 1 नम्बर गेट के समक्ष सुबह से रखकर पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग कर रहे हैं। आठ घंटे बाद भी शव नहीं हटाया गया।

बरौनी रिफाइनरी के सुपरवाइजर की दर्दनाक मौत, मुआवजे के आश्वासन के बाद 11 घंटे से सड़क पर रखा शव हटाया गया 2परिजन मुआवजा को लेकर शव को रखकर डटे हुए हैं।इस अवसर मटिहानी विधायक नरेन्द्र कुमार सिंह उर्फ बोगो सिंह,तेघड़ा के पूर्व विधायक रामरतन सिंह, बरौनी भाकपा अंचल मंत्री प्रहलाद सिंह,नप बीहट के उप मुख्य पार्षद ऋषिकेश कुमार, मुखिया गोपाल कुमार सिंह, अरविन्द सिंह, चंदन मिश्रा,राजेन्द्र कुमार टूना सहित अन्य ग्रामीण उचित मुआवजा देने की मांग पर डटे रहे।11 घंटा बाद शार्प टैंक कंपनी के पदाधिकारी व आईओसीएल बरौनी के पदाधिकारी के साथ सकारात्मक पहल के बाद कंपनी मृतक के परिजनों को साढ़े पांच लाख रुपया मुआवजा का आश्वासन बाद शव को हटाकर दाह संस्कार के लिए ले जाया गया।

बरौनी रिफाइनरी के सुपरवाइजर की दर्दनाक मौत, मुआवजे के आश्वासन के बाद 11 घंटे से सड़क पर रखा शव हटाया गया 3इस दौरान रिफाइनरी थाना अध्यक्ष सुभाष कुमार , जीरोमाइल ओपी मनीष कुमार पण्डित सहित सीआईएसएफ के जवान तैनात थे।विदित हो कि मृतक के परिजनों को शार्प टैंक कंपनी द्वारा साढ़े पांच लाख रुपया, दो लाख का इंश्योरेंस, सात लाख रुपए का पीएफ, पत्नी को पेंशन, चार लाख रुपया संवेदक, पांच साल रुपया परिवहन विभाग द्वारा मुआवजा दी जाएगी। मृतक मनीष कुमार को दो पुत्री और एक पुत्र हैं। पुत्री शादी शुदा है जबकि पुत्र मानसिक रूप से सुस्त है। इधर परिजनों का रो रो कर बुरा हाल है।

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