केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह, मंत्री डॉ. प्रमोद कुमार एवं प्रभारी मंत्री रामकृपाल यादव ने किया विधिवत उद्घाटन; आकर्षक मंच और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां बनीं आकर्षण का केंद्र
डीएनबी भारत डेस्क
तेघड़ा। एशिया के दूसरे सबसे बड़े प्रसिद्ध श्रीकृष्ण जन्माष्टमी मेला शताब्दी महोत्सव-2026 का शनिवार को गौशाला परिसर, तेघड़ा में शुभारंभ हुआ। केंद्रीय मंत्री श्री गिरिराज सिंह, बिहार सरकार के कला एवं संस्कृति मंत्री डॉ. प्रमोद कुमार, प्रभारी मंत्री श्री रामकृपाल यादव एवं अन्य अतिथियों ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन किया। दीप प्रज्ज्वलन के साथ ही श्रीकृष्ण जन्माष्टमी मेले के शताब्दी वर्ष के चार दिवसीय महोत्सव का औपचारिक आगाज हुआ।

शताब्दी महोत्सव को लेकर गौशाला परिसर में बेहद आकर्षक मंच एवं भव्य पंडाल तैयार किया गया है। सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आनंद लेने आने वाले दर्शकों एवं श्रद्धालुओं के लिए पर्याप्त संख्या में कुर्सियों की व्यवस्था की गई है। पंडाल की साज-सज्जा और मंच की भव्यता लोगों को आकर्षित कर रही है। शाम होते ही पूरा परिसर रोशनी से जगमगा उठता है और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ मेले का वातावरण और भी जीवंत हो जाता है।
चार दिनों तक संस्कृति और कला का रंग
5 से 8 सितंबर तक चलने वाले शताब्दी महोत्सव में प्रत्येक दिन शाम 6 बजे से सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। स्थानीय कलाकारों के साथ देश के विभिन्न क्षेत्रों से आने वाले कलाकार अपनी प्रस्तुतियां देंगे।
महोत्सव में कोलकाता से सुप्रिया घोष एवं टीम की रासलीला, लोक गायिका अपूर्वा प्रियदर्शी, साधो द बैंड दिल्ली, लोक गायिका ज्योति माही तथा जैसलमेर राजस्थान के खाटू स्पेशल कालेबेलिया नृत्य जैसी प्रस्तुतियां प्रमुख आकर्षण रहेंगी।
शताब्दी महोत्सव ने इस बार पारंपरिक श्रीकृष्ण जन्माष्टमी मेले की रौनक में चार चांद लगा दिया है। धार्मिक आस्था के साथ राष्ट्रीय स्तर के सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन श्रद्धालुओं एवं दर्शकों के लिए अतिरिक्त आकर्षण बन गया है। इससे मेले में आसपास के क्षेत्रों के साथ-साथ दूर-दराज से भी बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना है।
सुरक्षा और सुविधा पर विशेष ध्यान
बढ़ती भीड़ को देखते हुए अनुमंडल पदाधिकारी नीरज कुमार सिन्हा के नेतृत्व में श्रद्धालुओं की सुरक्षा एवं सुविधा को लेकर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। मेला परिसर में किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना को रोकने के लिए फायर सेफ्टी के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। विभिन्न स्थानों पर अग्निशमन दल को तैयार रखा गया है, ताकि आवश्यकता पड़ने पर तत्काल कार्रवाई की जा सके।
आपात स्थिति के लिए एम्बुलेंस एवं चिकित्सा व्यवस्था भी उपलब्ध कराई गई है। वहीं, पर्याप्त पुलिस बल एवं दंडाधिकारियों की मौजूदगी में मेला क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया गया है। स्थानीय वालंटियर भी श्रद्धालुओं को आवश्यक सहयोग प्रदान कर रहे हैं।
श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए अलग-अलग स्थानों पर वाहन पार्किंग की व्यवस्था की गई है। भीड़ एवं वाहनों के बढ़ते दबाव को देखते हुए यातायात व्यवस्था को व्यवस्थित रखने पर विशेष जोर दिया जा रहा है, ताकि मेला देखने आने वाले लोगों को आवागमन में परेशानी न हो।
श्रीकृष्ण जन्माष्टमी मेला शताब्दी महोत्सव-2026 इस बार आस्था, संस्कृति और मनोरंजन का भव्य संगम बनकर सामने आया है। भव्य मंच, आकर्षक पंडाल, बेहतर दर्शक व्यवस्था, विविध सांस्कृतिक प्रस्तुतियां और व्यापक सुरक्षा इंतजामों ने मेले के आकर्षण को कई गुना बढ़ा दिया है। शताब्दी वर्ष का यह विशेष आयोजन तेघड़ा के ऐतिहासिक श्रीकृष्ण जन्माष्टमी मेले को नई पहचान और नई भव्यता देने वाला साबित हो रहा है।
डीएनबी भारत डेस्क