डीएनबी भारत डेस्क
समस्तीपुर जिले में अवैध रूप से संचालित नर्सिंग होम में इनदिनों मौत का खेल खेला जा रहा है प्रतिदिन इस अवैध अस्पतालों में कितनी मौते हो रही है इसके बावजूद भी जिला प्रशासन और अस्पताल प्रशासन चुप्पी साधे बैठा है ताज़ा मामला मुफस्सिल थाना क्षेत्र के लक्खी चौक की है जहाँ एक बार फिर से अवैध रूप से संचालित हॉस्पिटल में इलाज के दौरान एक महिला की मौत हो जाने का मामला सामने आया है।

घटना ने स्वास्थ्य व्यवस्था और नियमों के पालन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार, एक महिला द्वारा विषपान किए जाने के बाद परिजन उसे लक्खी चौक स्थित एक निजी क्लिनिक में लेकर पहुंचे। उक्त क्लिनिक बिना वैध पंजीकरण के संचालित हो रहा था। अस्पताल प्रबंधन ने मामले की गंभीरता को नजर अंदाज करते हुए पुलिस को सूचना दिए बिना ही उपचार शुरू कर दिया। इलाज के दौरान महिला की स्थिति लगातार बिगड़ती गई। हालत गंभीर होने पर उसे रेफर कर दिया गया। इसी बीच 112 डायल पुलिस टीम मौके पर पहुंची और महिला को तत्काल सदर अस्पताल पहुंचाया गया।
हालांकि, सदर अस्पताल में इलाज के दौरान महिला की मौत हो गई। नियमों के अनुसार, विषपान, दुर्घटना या अन्य संदिग्ध मामलों में निजी अस्पतालों द्वारा तत्काल स्थानीय थाना को सूचना देना अनिवार्य है। लेकिन संबंधित अस्पताल द्वारा इस प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया, जिससे मामले की गंभीरता और बढ़ गई है। घटना की जानकारी मिलते ही मुफस्सिल थाना पुलिस जांच में जुट गई है।
अस्पताल के संचालन से जुड़े कागजात, पंजीकरण की स्थिति तथा संबंधित चिकित्सक की योग्यता की जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि परिजनों के बयान के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इधर, सिविल सर्जन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जिले में अवैध रूप से संचालित क्लिनिकों के खिलाफ विशेष अभियान चलाने की बात कही है। उन्होंने कहा कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
समस्तीपुर संवाददाता अफरोज आलम की रिपोर्ट