कार्यपालक पदाधिकारी ने आरोपों को बताया निराधार
डीएनबी भारत डेस्क
परवलपुर नगर पंचायत में प्रोसिडिंग और पारदर्शिता को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। नगर पंचायत प्रशासन और वार्ड पार्षद अब आमने-सामने आ गए हैं। दोनों पक्ष एक-दूसरे पर गंभीर आरोप लगा रहे हैं। इसी विवाद के बीच सशक्त समिति के दो सदस्यों ने अपना इस्तीफा कार्यपालक पदाधिकारी को सौंप दिया है।

वार्ड पार्षदों का आरोप है कि उनसे जबरन प्रोसिडिंग पर हस्ताक्षर कराए जाते हैं और दस्तावेजों को पारदर्शी तरीके से बंद नहीं किया जाता। उन्होंने दावा किया कि इसके प्रमाण भी उनके पास मौजूद हैं। पार्षदों ने यह भी आरोप लगाया कि नगर पंचायत में योजनाओं को विधिवत पारित नहीं किया जाता, बल्कि केवल सामान की खरीद-बिक्री पर ध्यान दिया जा रहा है। साथ ही, अगर कोई पार्षद विरोध करता है तो उसे FIR और मुकदमे की धमकी देकर चुप करा दिया जाता है।
वार्ड पार्षदों ने चेतावनी दी है कि यदि स्थिति नहीं सुधरी तो वे आने वाले समय में सामूहिक इस्तीफा देने का कदम उठा सकते हैं।वहीं नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी अश्वनी कुमार ने सभी आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने कहा कि प्रोसिडिंग और पारदर्शिता को लेकर लगाए गए आरोप पूरी तरह निराधार हैं। सशक्त समिति के दो सदस्यों द्वारा दिए गए इस्तीफे को मुख्य पार्षद के पास भेजा जाएगा और अंतिम निर्णय वही लेंगे।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनके स्तर से कोई विवाद उत्पन्न नहीं किया गया है और नगर पंचायत में सभी प्रक्रियाएं नियमों के तहत ही संचालित की जा रही हैं। अब देखना होगा कि इस बढ़ते विवाद का समाधान कैसे निकलता है और क्या नगर पंचायत में पारदर्शिता को लेकर उठे सवालों का जवाब मिल पाता है।
डीएनबी भारत डेस्क