श्रद्धालुओं ने उठाई इस रमणीय स्थल को ‘पर्यटक स्थल’ का दर्जा देने की मांग
डीएनबी भारत डेस्क

वीरपुर प्रखंड क्षेत्र हीं नहीं बिहार वासियों के लिए गौरब व पाल कालीन श्रद्धा स्थली बरैपुरा के देवभूमि पर लाखों लोगों ने बसंत पंचमी शुक्रवार को देवी-देवताओं के संग बसंत उत्सव मनाया।अहले सुबह से ही श्रद्धालुओं ने माता काली व बाबा बसहा धाम पहुंच कर जलाभिषेक कर पूजा अर्चना की।जो देर शाम तक जारी रहा।इस दौरान श्रद्धालुओं ने स्थानीय स्तर पर लगे मेले का भी आनंद उठाया।
बताया गया कि बसंत पंचमी के मौके पर यहां हर वर्ष दूर-दूर से श्रद्धालु आते हैं और भगवान की पूजा करते हैं।सच्चे मन से पूजा करने वाले श्रद्धालुओं की हरेक मनोकामनाएं पूरी भी होती हैं।इस दौरान मंदिर परिसर को भव्य तरीके से सजाया गया था।छोटे-छोटे बच्चों के लिए छोटे छोटे झूले का भी व्यवस्था किया गया था।मंदिर परिसर में ही प्रसाद पान आदि की स्टॉल लगाए गए थे।रंग-बिरंगी रोशनी से सजा परिसर देखने में ही अद्वितीय लग रहा था।

यहां दुर दुर से आए श्रद्धालुओं के मन में यह कौतुहल का विषय बना हुआ था कि सांसद, विधायक, और जिला प्रशासन अगर चाहती तो इस रमणीय स्थल को पर्यटक स्थल का दर्जा मिल गया होता।वहीं स्थानीय लोगों ने इस दौरान मेला में आए श्रद्धालुओं के लिए महा प्रसाद के रूप में खिचड़ी का आयोजन ग्रामीण राजू चौधरी, वरुण साह, संतोष चौहान,अभीनन्दन चौधरी,नवल चौधरी की ओर से किया गया था।जिसे लोगों ने खूब सराहा।
इस दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर थाना अध्यक्ष रवींद्र कुमार के नेतृत्व में मजिस्ट्रेट सहित पुलिस बल की भी प्रतिनियुक्ति की गई थी।इसके अलावा स्थानीय स्तर पर स्वयंसेवी भी मौजूद दिखे जो मेला में आए श्रद्धालुओं के जरुरत के अनुसार हेल्प कर रहे थे। मंदिर के मुख्य पुजारी पंडित नंदकिशोर झा ने बताया यहां की महिमा अपरंपार है।सच्चे मन से मांगे गए मन्नतें पूरी होती है।मजिस्ट्रेट के रूप में प्रखंड सहकारिता पदाधिकारी विजय मालाकर,प्रखंड कृषि पदाधिकारी सर्वेश कुमार,सब इंस्पेक्टर ऋषिकेश भारद्वाज,सहायक अवर निरीक्षक गौरीशंकर राम अपने दलबल के साथ ड्यूटी पर मुस्तैद दिखे।
बेगूसराय वीरपुर संवाददाता गोपल्लव झा की रिपोर्ट
