डीएनबी भारत डेस्क
समस्तीपुर: मोहनपुर थाना क्षेत्र के माधोपुर सरारी गांव का एक परिवार अचानक कलेक्ट्रेट कैंपस में ही धरना पर बैठ गया। बताया गया है कि पीड़ित परिवार किसी मामले को लेकर बार-बार डीएम व एसपी को आवेदन देकर न्याय की गुहार लगा रहा था। वही आज फिर से पीड़ित संतोष राय अपनी पत्नी रागनी देवी व 9 बच्चों के साथ सामान सहित कलेक्ट्रेट पहुंचे और डीएम व एसपी से मिलने की जिद करने लगे।

दोनों पदाधिकारियों के मिटिंग में रहने के कारण विलंब होता देख सभी नीचे कैंपस में आकर धरने पर बैठ गये। सूचना पर पहुंची नगर पुलिस ने सभी को थाने ले आया और समाझा बुझाकर घर भेजा। इस संबंध में पीड़ित संतोष राय ने बताया कि वर्ष 2013 में उसके एक बेटी के साथ गलत हुआ था जिसको लेकर उन्होंने पटोरी थाने में प्राथमिकी दर्ज करायी थी।फिर 2016 में मोहनपुर थाने में बेटे के उपर जानलेवा हमला और 2017 में दरभंगा महिला थाने में भी एक मामला दर्ज करायी, लेकिन अब तक इस मामले में कार्रवाई नहीं होता देख व अभियुक्तों द्वारा लगातार जान से मारने की धमकी व केस वापस लेने के दबाव के कारण न्याय के लिये गुहार लगा रहा है।
पीड़ित संतोष राय ने बताया की घर छोड़कर वह लोग बिहार से बाहर दूसरे प्रदेश में रह रहे है, तो वहां भी पहुंचकर अभियुक्तों के द्वारा उसको और उसके परिवार को जान से मरवाने की धमकी दी जा रही है। इसके बाद आज वह सपरिवार 6 बेटी, तीन बेटा और पत्नी को लेकर अन्य प्रदेश से सीधा समस्तीपुर कलेक्ट्रेट पहुंच सुरक्षा और न्याय की मांग करने लगे। वही बच्चों की मां रागनी देवी ने अपने परिवार की सुरक्षा को लेकर डीएम व एसपी को आवेदन दिया है। दिए गए आवेदन में उन्होंने अपने जानमाल और इंसाफ की गुहार लगाया है।
समस्तीपुर संवाददाता अफरोज आलम की रिपोर्ट