हमारी जिंदगी खुली किताब की तरह है।
डीएनबी भारत डेस्क

नालंदा के चर्चित भू-माफिया संतोष डॉन पर आर्थिक अपराध इकाई (EOU) की बड़ी कार्रवाई के बाद अब राजनीतिक गलियारों में भी हलचल तेज हो गई है।
संतोष डॉन के 25 ठिकानों पर छापेमारी के बाद सोशल मीडिया पर बिहार सरकार के ग्रामीण विकास एवं सूचना जनसंपर्क मंत्री श्रवण कुमार श्रवण कुमार के साथ उसकी एक तस्वीर तेजी से वायरल हो रही है, जिसे लेकर तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं।बताया जाता है कि संतोष डॉन के खिलाफ खुसरूपुर खुशरूपुर और भागनबीघा थाना में आर्म्स एक्ट समेत विभिन्न धाराओं में कुल 27 मामले दर्ज हैं।
इसके अलावा आर्थिक अपराध इकाई में भी उसके खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।जांच एजेंसियों के अनुसार संतोष डॉन ने वर्ष 2015 में अपराध की दुनिया में कदम रखा और 2017 से 2025 के बीच अपने तथा अपने परिवार के नाम पर करोड़ों रुपये की संपत्ति अर्जित की। उस पर फर्जी दस्तावेजों के आधार पर जमीन कब्जाने और एक संगठित गिरोह संचालित करने का आरोप है।
वहीं मंत्री श्रवण कुमार के साथ उसकी तस्वीर वायरल होने के बाद विपक्ष को भी सरकार पर सवाल उठाने का मौका मिल गया है। हालांकि मंत्री श्रवण कुमार ने इन आरोपों और तस्वीरों से खुद को अलग बताते हुए कहा कि उनका दरबार हमेशा आम लोगों के लिए खुला रहता है।
हमारे यहां कौन आता है और कौन जाता है, इसका हिसाब रखना संभव नहीं है। हमारी सरकार में अपराधियों के लिए कोई जगह नहीं है और न ही किसी अपराधी को बख्शा जाता है। संतोष डॉन जैसे लोगों से हमारा न कभी कोई संबंध था, न है और न ही आगे रहेगा। राजनीतिक जीवन में अच्छे और बुरे सभी तरह के लोग मिलने आते हैं, लेकिन हमारा उद्देश्य हमेशा अच्छाई के रास्ते पर चलना है, बुराई के नहीं।”हमारा जीवन खुली किताब की तरह है।
डीएनबी भारत डेस्क