भारत की संस्कृति अतुलनीय, विद्यालय ही कला को निखारने का सबसे बड़ा मंच:- श्याम सहनी

DNB Bharat Desk

भारत की संस्कृति अपने आप अतुलनीय है। भारत विश्व गुरु था है और रहेगा। उक्त बातें मंगलवार की देर शाम में तिलरथ स्थित नॉर्थ सेंट विलियम्स एकेडमी तिलरथ के 16वीं वार्षिकोत्सव समारोह को संबोधित करते हुए जिला कला एवं संस्कृति पदाधिकारी बेगूसराय श्याम सहनी ने कहा।

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उन्होंने कहा अपने अन्दर की कला एवं संस्कृति को छात्र जीवन में प्रदर्शन करने का सबसे बड़ा प्लेटफॉर्म विद्यालय ही होता है। उन्होंने कहा छात्रों को खेल, कला एवं संस्कृति के क्षेत्र में भविष्य बनाने में जहां भी सहायता की आवश्यकता होगी वहां जिला कला एवं संस्कृति परिवार एवं पदाधिकारी आपके साथ खड़े रहेंगे। वहीं कार्यक्रम को संबंधित करते हुए वरीय उप समाहर्ता सह डीएसओ बिट्टू सिंह ने कहा कि सतयुग, द्वापर, त्रेता एवं कलयुग सहित चारों युगों में गणेश देवता

भारत की संस्कृति अतुलनीय, विद्यालय ही कला को निखारने का सबसे बड़ा मंच:- श्याम सहनी 2विश्व ब्रह्माण्ड के विघ्नहर्ता रहे हैं। यहीं से हमें अपने संस्कृति की बोध होती है। उन्होंने कहा नॉर्थ सेंट विलियम्स एकेडमी तिलरथ में शिक्षा संस्कृति के साथ अध्ययनरत छात्रों को दिया जाता है। इसलिए यहां के छात्र छात्राएं सभी संस्कृति की छोटी से छोटी तथा बड़ी से बड़ी कड़ी में निपुण हैं। वहीं कार्यक्रम में स्वागत संबोधन देते हुए विद्यालय प्राचार्या मोहन कुमार परिहस्त ने कहा कि शिक्षा से पहले बच्चों को अपने संस्कृति की बोध दिलाने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि आज के युवा वर्ग को जोड़ने की आवश्यकता है।

भारत की संस्कृति अतुलनीय, विद्यालय ही कला को निखारने का सबसे बड़ा मंच:- श्याम सहनी 3संस्कृति हमारी विलुप्त हो जाएगा तो हम विलुप्त हो जाएंगे। उन्होंने बताया कि नॉर्थ सेंट विलियम्स एकेडमी तिलरथ के बच्चे पढ़ाई, खेल, कला एवं संस्कृति के क्षेत्र में देश स्तर पर काफी बेहतर प्रदर्शन किया है। कार्यक्रम में साहिबा ड्रेसेज बेगूसराय के मुरारी कुमार, हॉकी एसोसिएशन के बाबुल सिंह, एसओएस बेगूसराय के सुभाष पांडा, स्काउट गाइड के जीवानंद मिश्र, डिस्ट्रिक्ट स्कूल एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेश कुमार, मधुकर कुमार, अमित रुद्राक्ष, ग्रीन फील्ड के निदेशक राजा कुमार, दिनकर पुस्तकालय के अभिषेक कुमार सहित सभी आगत अतिथियों को तिलक, चन्दन, पुष्प वर्षा, बुके एवं मोमेंटो भेंटकर तथा चादर ओढ़ाकर स्वागत एवं सम्मानित नॉर्थ सेंट विलियम्स एकेडमी तिलरथ परिवार द्वारा किया गया।

भारत की संस्कृति अतुलनीय, विद्यालय ही कला को निखारने का सबसे बड़ा मंच:- श्याम सहनी 4कार्यक्रम का उद्घाटन अभी आगत अतिथियों के कर कमलों द्वारा ज्ञान का दीप प्रज्वलित कर किया गया। साथ ही पंडित मुकेश मिश्रा द्वारा गणेश वन्दना एवं स्वस्तिवाचन किया गया।कार्यक्रम का संचालन शुभ कुमार परिहस्त ने किया। कार्यक्रम में नौनिहालों ने सर्वप्रथम आज सन्डे है, छोटा बच्चा जानके हमको ना समझाना रे, गणेश वन्दना, सरस्वती वन्दना जैसी गीतों की प्रस्तुति पर नृत्य कर उपस्थित सभी अभिभावकों का दिल जीत लिया। वहीं कार्यक्रम में सतयुग,द्वापर,त्रेता युग एवं कलयुग सहित चारों युगों पर आधारित गीतों एवं नृत्यों की प्रस्तुति बच्चों द्वारा दी गई।

भारत की संस्कृति अतुलनीय, विद्यालय ही कला को निखारने का सबसे बड़ा मंच:- श्याम सहनी 5बच्चों की इस तरह की सुन्दर प्रस्तुति देखकर पूरा प्रांगण मंत्रमुग्ध हो गया। वहीं इस दौरान बच्चों ने पेंटिंग एवं रंगोली की भी प्रस्तुति दिया। वहीं वर्ष 2025 में विभिन्न विधाओं में बेहतर प्रदर्शन करने वाले छात्र तथा कार्यक्रम में शामिल छात्र छात्राओं के बीच आगत अतिथियों के द्वारा प्रशस्ति पत्र देकर पुरस्कृत किया गया। वहीं इस दौरान बच्चों द्वारा तेरे मिट्टी में मिल जावा इतनी सी है दिल की आरजू सहित कई देश भक्ति गीतों, ऑपरेशन सिन्दूर, शिव तांडव पर आधारित गीतों की प्रस्तुति दिया।

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