राष्ट्रकवि दिनकर की 118वीं जयंती पर गूंजी ‘रश्मिरथी’ की हुंकार, सिमरिया को साहित्यिक तीर्थभूमि बनाने का संकल्प

DNB Bharat Desk

सिमरिया (बेगूसराय): राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर की 118वीं जयंती बुधवार को उनकी जन्मस्थली सिमरिया में पूरी गरिमा और उत्साह के साथ मनाई गई। जयंती समारोह में प्रशासनिक अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों, साहित्यकारों और प्रबुद्ध नागरिकों ने दिनकर जी की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी।

कार्यक्रम में मुख्य रूप से जिलाधिकारी तुषार सिंगला, पुलिस अधीक्षक मनीष, अनुमंडल पदाधिकारी, जिला कला एवं संस्कृति पदाधिकारी श्याम सहनी सहित कई वरीय पदाधिकारी उपस्थित रहे।

समारोह को संबोधित करते हुए तेघड़ा विधायक रजनीश कुमार ने कहा कि दिनकर जी के गृह क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करना उनके लिए परम गौरव की बात है। उन्होंने कहा कि दिनकर की रचनाएं कालजयी हैं और आज के दौर में भी पूरी तरह प्रासंगिक हैं। सिमरिया के विकास को गति देने के लिए इसे शेक्सपियर के गांव की तर्ज पर विकसित किया जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने घोषणा की कि नवनिर्मित सिक्स लेन पुल का नाम ‘दिनकर सेतु’ कराने का प्रयास अंतिम चरण में है और भविष्य में दिनकर महोत्सव का मुख्य आयोजन सिमरिया में ही कराने की पहल की जाएगी।

राष्ट्रकवि दिनकर की 118वीं जयंती पर गूंजी 'रश्मिरथी' की हुंकार, सिमरिया को साहित्यिक तीर्थभूमि बनाने का संकल्प 2एमएलसी सर्वेश कुमार ने कहा कि बेगूसराय की वैश्विक पहचान राष्ट्रकवि दिनकर से ही है। उनकी कृतियां समाज को सदैव नई दिशा देती रहेंगी और सिमरिया के समग्र विकास के लिए सभी प्रतिनिधि पूरी तरह संकल्पित हैं। वहीं, प्रो. रामाज्ञा शशिधर ने कहा कि सिमरिया को देश की प्रमुख साहित्यिक तीर्थभूमि के रूप में स्थापित करने के लिए यहां के लोग दशकों से प्रयासरत हैं। पूर्व विधायक ललन कुंवर ने सिमरिया के अब तक के विकास पर चिंता जताते हुए इसे धरातल पर तेजी से उतारने की आवश्यकता पर बल दिया।

कार्यक्रम के दौरान वरिष्ठ लेखक अरविंद कुमार सिंह द्वारा रचित पुस्तक दिनकर: कवि कथा अनंता’ का अतिथियों द्वारा विधिवत लोकार्पण किया गया। लेखक अरविंद कुमार सिंह ने कहा कि दिनकर का साहित्य हर पीढ़ी के लिए प्रेरणा का स्रोत है।

राष्ट्रकवि दिनकर की 118वीं जयंती पर गूंजी 'रश्मिरथी' की हुंकार, सिमरिया को साहित्यिक तीर्थभूमि बनाने का संकल्प 3समारोह की अध्यक्षता दिनकर स्मृति विकास समिति के अध्यक्ष कृष्ण कुमार शर्मा ने की, संचालन राजेश कुमार सिंह ने किया और धन्यवाद ज्ञापन अमरदीप सुमन द्वारा किया गया।

मुख्य कार्यक्रम से पूर्व सांस्कृतिक गतिविधियों की श्रृंखला में दिनकर अभिनय कला केंद्र के कलाकारों ने राधे कुमार के निर्देशन में ‘रश्मिरथी’ के चुनिंदा प्रसंगों का सशक्त मंचन कर दर्शकों को भावविभोर कर दिया। वहीं, दिनकर उच्च माध्यमिक विद्यालय के विद्यार्थियों ने संगीत शिक्षक सुनील कुमार के नेतृत्व में स्वागत गान और दिनकर रचित गीतों की मनमोहक प्रस्तुति दी। इस अवसर पर विभिन्न प्रतियोगिताओं में चयनित मेधावी छात्र-छात्राओं को मंचासीन अतिथियों द्वारा पुरस्कृत कर सम्मानित किया गया।

राष्ट्रकवि दिनकर की 118वीं जयंती पर गूंजी 'रश्मिरथी' की हुंकार, सिमरिया को साहित्यिक तीर्थभूमि बनाने का संकल्प 4इस अवसर पर कांग्रेस नेता संजय कुमार सिंह, भाजपा जिला उपाध्यक्ष विकास कुमार, समाजसेवी विश्वरंजन राजू, पत्रकार प्रवीण प्रियदर्शी, सीओ हेमंत अंकुर, रेखा कुमारी, रामनाथ सिंह, कृष्ण नंदन पिंकू, अमर कुमार, प्रदीप कुमार, विनोद बिहारी, ऋत्विक उदयन, विश्वंभर सिंह, अवधेश कुमार पप्पू, शंभू प्रसाद सिंह, कृष्ण मुरारी, प्रियव्रत कुमार, संजीव फिरोज, जितेंद्र झा, ललन कुमार सिंह सहित सैकड़ों साहित्य प्रेमी व स्थानीय ग्रामीण उपस्थित थे।

Share This Article